By फ़ुरसतिया on November 8, 2011
[कल जागरण समूह की संस्था लक्ष्मी देवी ललित कला अकादमी में स्व. श्रीलाल शुक्ल की स्मृति का आयोजन किया गया। लोगों ने उनके बारे में अपनी राय रखी। मैंने भी अपने संस्मरण सुनाये। वहीं पर प्रसिद्ध आलोचक स्व. देवी शंकर अवस्थी की पत्नी आदरणीया कमलेश अवस्थी जी भी आईं थीं। श्रीलाल शुक्ल जी बेटी रेखा [...]
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By फ़ुरसतिया on May 14, 2011
कल डा.अनुराग ने प्रेम गली अति सांकरी पर टिपियाते हुये लिखा- आपकी इस गली में एंट्री का कोई जिक्र नहीं है….बड़ी सफाई से आपने यहाँ भी अपने ज़ज्बातो को कंट्रोल कर लिया है ….कसम उस पहले प्यार की शुक्ल जी…..आज बह जाने दीजिये ..बस कह डालिए ! बाद में और साथियों ने भी डा.साहब की [...]
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By फ़ुरसतिया on September 30, 2010
गत 25 सितंबर को कन्हैयालाल नंदनजीका लम्बी बीमारी के बाद दिल्ली में निधन हो गया। न जाने कितनी यादें हैं उनसे जुड़ी। कुछ संस्मरण पहले लिखे हैं। उनके लिंक दिये हैं नीचे। आगे कभी और लिखने का प्रयास करूंगा। अभी उनके बारे में ज्ञानरंजन जी का लिखा एक संस्मरण देखिये। ज्ञानरंजन जी और नंदनजी साथ [...]
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By फ़ुरसतिया on April 19, 2010
कल दिन भर पुराने कैसेट खोजकर कवितायें सुनी। स्व. रमानाथ अवस्थी जी की एक कविता मैं बहुत दिनों से खोज रहा था। कैसेट मिल नहीं रहा था बहुत दिनों से। कल एक बार फ़िर खोजा तब मिल ही गया। इस कैसेट में स्व. रमानाथ अवस्थी जी की कविता : आज इस वक्त आप हैं लेकिन, [...]
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By फ़ुरसतिया on March 25, 2010
कुछ दिन पहले हमारी श्रीमतीजी ने अपने बगीचे की कुछ फ़ोटुयें खींची। आइये आपको भी दिखाते हैं! नीचे लगाई हैं! देखिये एक-एक कर करके। आराम से। हड़बड़ाइये नहीं! फ़ोटुयें भाग नहीं रही हैं। सिर्फ़ सरक रही हैं आगे की तरफ़ लेकिन आप जिसको चाहेंगे वह रुक भी जायेंगी। बड़ी अनुशासित च आज्ञाकारी फोटूयें हैं! लेकिन [...]
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